मोतिहारी।
भारत-नेपाल को जोड़ने वाली मैत्री पुल के नीचे सरिसवा नदी के किनारे हैंड ग्रेनेड मिलने से हड़कंप मच गया। यह हैंड ग्रेनेड नदी में नहा रहे बच्चों को मिला था। बच्चे उसे खिलौना समझकर हाथ में लेकर घूम रहे थे। इसी दौरान पुल पर तैनात सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) के जवानों की नजर बच्चों पर पड़ी। जवानों ने तत्काल बच्चों से ग्रेनेड लेकर उसे सुरक्षित अपने कब्जे में लिया और उच्चाधिकारियों को सूचित किया।
सूचना मिलते ही एसएसबी के अधिकारी और जवान मौके पर पहुंच गए और इलाके की घेराबंदी कर जांच शुरू कर दी। मौके पर डॉग स्क्वॉड टीम को भी बुलाया गया है, जो यह पता लगाने में जुटी है कि कहीं आस-पास और हैंड ग्रेनेड या अन्य विस्फोटक तो नहीं छिपाए गए हैं। घटना के बाद से भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। मैत्री पुल के आसपास सघन तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। फिलहाल घटना स्थल पर किसी भी आम नागरिक की आवाजाही पूरी तरह से प्रतिबंधित कर दी गई है।
एसएसबी और पुलिस प्रशासन पूरे मामले की जांच कर रही है और कहा गया है कि जांच के बाद ही स्पष्ट जानकारी सामने आ पाएगी। वही बम निरोधक दस्ता को इसकी सूचना दे दी गई। जिंदा हैंड ग्रेनेड को एसएसबी ने सुरक्षित तरीके से डिफ्यूज किया। एसएसबी की बम निरोधक दस्ता ने मैत्री पुल से 3 km दूर एयरपोर्ट में ग्रेनेड को किया डिफ्यूज, डिफ्यूज के दौरान तेज आवाज के साथ हुआ जोरदार धमाका।


